बिलासपुर। उप मुख्यमंत्री तथा खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव ने बहतराई स्टेडियम में छत्तीसगढ़ एथलेटिक्स संघ द्वारा आयोजित तीन दिवसीय 22 वीं राज्य स्तरीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता के समापन समारोह में शामिल हुए। उन्होंने विजेता खिलाड़ियों को संघ की ओर से पदक और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता स्थानीय विधायक सुशांत शुक्ला ने की। विशेष अतिथि के रूप में महापौर पूजा विधानी उपस्थित थीं।
बस्तर। छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले में साइबर ठगी के मामलों में चिंताजनक वृद्धि देखने को मिल रही है। मोबाइल, सोशल मीडिया और फर्जी ऐप्स के जरिए आम लोगों को ठगने वाला एक बड़ा गिरोह जिले में सक्रिय है। पिछले एक साल में 4500 से अधिक साइबर ठगी के मामले दर्ज किए जा चुके हैं, जिनमें लगभग 5.5 करोड़ रुपये की ठगी हो चुकी है। बस्तर पुलिस ने लगातार कार्रवाई करते हुए इस गिरोह की कड़ी में एक बड़ी सफलता हासिल की है। हाल ही में झारखंड के जामताड़ा से साइबर अपराधियों के एक गिरोह को गिरफ्तार किया गया है, जो फर्जी APK ऐप के माध्यम से लोगों के मोबाइल में घुसपैठ कर उनके बैंक खातों से पैसे उड़ाता था। पुलिस की तत्परता से रुकी बड़ी ठगी बस्तर पुलिस ने तकनीकी टीम की मदद से कई मामलों में लगभग 1 करोड़ रुपये की राशि को समय रहते होल्ड कराया और कई पीड़ितों को रकम वापस भी दिलवाई। पुलिस का कहना है कि जैसे ही शिकायत मिलती है, तकनीकी टीम तुरंत संबंधित ट्रांजेक्शन को ट्रैक कर कार्रवाई शुरू कर देती है। अंतरराज्यीय गिरोह सक्रिय बस्तर पुलिस के अनुसार यह ठग सिर्फ स्थानीय नहीं हैं, बल्कि ये गिरोह गुजरात, झारखंड, उत्तर प्रदेश और महाराष्ट्र जैसे राज्यों से भी संचालन कर रहे हैं। अब तक कई अंतरराज्यीय साइबर ठगों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। जामताड़ा से पकड़े गए गिरोह ने पूछताछ में ठगी के कई नए तरीकों का खुलासा किया है। साइबर जागरूकता अभियान तेज बस्तर एसपी सलभ सिन्हा ने बताया कि साइबर अपराध से बचाव के लिए निरंतर जनजागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं। स्कूलों, कॉलेजों, ग्रामीण इलाकों और बाजारों में जाकर लोगों को साइबर सुरक्षा से जुड़ी जानकारियां दी जा रही हैं। आम जनता को किसी भी संदिग्ध कॉल, लिंक या ऐप से सतर्क रहने की सलाह दी गई है। पूरे संभाग में 50 करोड़ रुपये तक की ठगी की आशंका पुलिस के मुताबिक 5.5 करोड़ की यह ठगी सिर्फ बस्तर जिले की है। अगर पूरे बस्तर संभाग की बात करें तो यह आंकड़ा 40 से 50 करोड़ रुपये तक पहुंच सकता है। लगातार बदलते ठगी के तरीके और आम लोगों की तकनीकी समझ की कमी साइबर ठगों के लिए यह काम आसान बना रही है।
जगरगुंडा इलाके का रहने वाला है। इसकी पत्नी अरुणा लेकाम बीजापुर जिले के एक गांव की रहने वाली है। आगे अमित ने कहा कि, सरेंडर तो कर दिया हूं। अब परिवार बढ़ाने के लिए, बच्चे के लिए मैं अपनी नसबंदी खुलवाऊंगा। मैं DRG में नहीं जाना चाहता। बस पत्नी के साथ गांव में रहकर खेती-किसानी करना चाहता हूं। खुशहाल जीवन चाहता हूं। अमित ने बताया कि वो और उसकी पत्नी किसी भी मुठभेड़ में शामिल नहीं रहे हैं। अमित नक्सल संगठन में DVCM कैडर का था। इस पर 8 लाख रुपए का इनाम घोषित था। जबकि इसकी पत्नी ACM कैडर की थी। ये 5 लाख रुपए की इनामी नक्सली थी। अमित कहता है- मेरी मां अकेली है। पिता, भाई, बहन कोई नहीं हैं। जब 12-13 साल का था तो ACM लिंगे नक्सल संगठन में भर्ती करने मुझे ले गई। वहीं हथियार चलाने की ट्रेनिंग दी। जिसके बाद पहले बस्तर के अलग लोकेशन में मुझे भेजा गया। फिर अबूझमाड़ और महाराष्ट्र के गढ़चिरौली भेजा। मेरा प्रमोशन किया गया और नक्सली लीडर वेणुगोपाल के सुरक्षा गार्ड में शामिल किया गया। ज्यादातर अबूझमाड़ और गढ़चिरौली बॉर्डर पर ही थे। इसी बीच साल 2019 से पहले गढ़चिरौली में एक पार्टी मीटिंग के दौरान अरुणा से मुलाकात हुई। अमित ने बताया कि, पहली नजर में ही वो मुझे पसंद आ गई। वो नक्सल संगठन की मीटिंग के दौरान खाने का बंदोबस्त करना, गांव-गांव से सामान लाने का काम करती थी। मैं किसी न किसी तरह से उससे बात करने की कोशिश करता था। वहीं जब भी उस तरफ जाना होता था तो अरुणा से जरूर मिलता था। हालांकि, तब तक उसे नहीं पता था कि मेरे मन में उसके लिए फीलिंग्स है। वहीं एक दिन बहुत हिम्मत जुटाया और उसे प्रपोज कर दिया। वो हैरान रह गई। कुछ दिनों तक बात भी नहीं की।लेकिन दो महीने के बाद उसने रिश्ता कबूल कर लिया। यदि पति-पत्नी दोनों नक्सली हैं तो नक्सल संगठन में पैरेंट्स बनने की इजाजत नहीं है। साल 2019 में मेरी नसबंदी करवाई गई। फिर दोनों ने शादी कर ली। हालांकि, दोनों पैरेंट्स बनना चाहते थे।
कांग्रेस ने साय सरकार पर ठोस कदम न उठाने के लगाए आरोप, किरण सिंहदेव ने किया पलटवार
बस्तर। छत्तीसगढ़ का बस्तर संभाग इन दिनों भारी जल संकट से जूझ रहा है. पूरे बस्तर को सिंचित करने वाली प्राणधारा इंद्रावती नदी सूखे की कगार पर है. इससे किसानों को भी भारी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है. जलसंकट को लेकर कांग्रेस ने पीसीसी चीफ दीपक बैज के नेतृत्व में जगदलपुर स्थित चित्रकूट से 40 किमी की पदयात्रा आज पूरी कर जल्द ही निराकरण की मांग की. वहीं इस पदयात्रा को लेकर आज कांग्रेस जिला अध्यक्ष सुशील मौर्य ने प्रेस वार्ता कर साय सरकार पर नदी में जल संकट को लेकर कोई ठोस कदम न उठाने के आरोप लगाए हैं.
नदी सूख कर मैदान हो गई, जिसपर बच्चे क्रिकेट खेलते हैं
सुशील मौर्य ने प्रेस वार्ता में कहा कि इंद्रावती नदी के बचाव के लिए कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पीसीसी चीफ बैज के नेतृत्व में तपती धूप में 40 किलोमीटर लंबी पदयात्रा की, कलेक्ट्रेट का घेराव किया और मुख्यमंत्री को पत्र भी लिखा, लेकिन भाजपा सरकार की तरफ से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया.
कांग्रेस ने इंद्रावती प्राधिकरण का किया था गठन: सुशील मौर्य
उन्होंने आगे कहा कि बस्तरवासियों को पर्याप्त मात्रा में पानी मिलता रहे इसके लिए कांग्रेस सरकार के समय इंद्रावती प्राधिकरण का गठन किया गया था. लेकिन भाजपा ने डेढ़ साल से सरकार में रहने के बाद भी अब तक किसी भी पदाधिकारी की नियुक्ति नहीं की है. उन्होंने कहा कि हमारे शासन में मटनार बैराज को स्वीकृति मिली थी, लेकिन भाजपा सरकार उस पर भी आगे कोई काम नहीं कर पाई है.
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव ने किया पलटवार
वहीं इस मुद्दे को लेकर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण सिंह देव ने कांग्रेस के बयान का पलटवार किया है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस को पदयात्रा करने का कोई अधिकार नहीं है. उन्होंने अपने 5 साल के कार्यकाल में इंद्रावती के लिए क्या किया? भाजपा सरकार बनने के बाद मुख्यमंत्री ने ओडिशा के मुख्यमंत्री से सीधी बातचीत कर 49% पानी देने पर सहमति प्राप्त की है. साथ ही अलग-अलग जगहों पर स्टॉप डैम बनाने का प्रस्ताव भी पारित हो चुका है.
कांग्रेस केवल राजनीति कर रही है : किरण सिंह देव
किरण सिंह देव ने इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस पर राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा सरकार बस्तरवासियों के हित में सोच रही है. जबकि कांग्रेस ने अपने कार्यकाल में केवल घोषणाएं ही की हैं, जमीनी स्तर पर काम कुछ नहीं किया.
बस्तर। बस्तर संभाग को सीएम विष्णु देव साय ने बड़ी सौगात दी है। साय ने जगदलपुर में जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता कार्यालय का शुभारंभ किया। जल संसाधन से संबंधित निर्माण कार्यों के सर्वेक्षण, डीपीआर निर्माण और तकनीकी स्वीकृति में तेजी आएगी। इस कार्यालय के प्रारंभ होने से बस्तर संभाग के सभी सातों जिलों के विभागीय कामकाज में काफी सुविधा होगी। पहले इन कार्यों की स्वीकृति के लिए रायपुर जाना पड़ता था। अब ये काम संभागीय मुख्यालय बस्तर में ही हो सकेंगे। वर्तमान में यह कार्यालय जगदलपुर के अधीक्षण अभियंता कार्यालय इंद्रावती परियोजना मंडल भवन के ऊपरी तल में संचालित हो रहा है। जल संसाधन मंत्री केदार कश्यप के विशेष पहल से शुरू हुए जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता नवीन कार्यालय में विभिन्न स्तरों पर अधिकारी और कर्मचारी की नियुक्ति के लिए भी बजट में स्वीकृति दी गई है।
मुख्य अभियंता जल संसाधन कार्यालय के शुभारंभ अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, जल संसाधन मंत्री केदार कश्यप, सांसद बस्तर महेश कश्यप, विधायक जगदलपुर किरण सिंह देव, विधायक चित्रकोट विनायक गोयल, नगर निगम महापौर संजय पांडेय एवं जिला पंचायत अध्यक्ष वेदमती कश्यप, वित्त आयोग के अध्यक्ष निवास राव मद्दी सहित अनेक जनप्रतिनिधि, जल संसाधन विभाग के प्रभारी मुख्य अभियंता एवं अधीक्षण अभियंता के. एस. भंडारी और जल संसाधन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद थे।
पंडरिया विधायक भावना बोहरा ने विधानसभा में क्षेत्र से जुड़े अहम मुद्दों को उठाया, जिसमें प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, स्वास्थ्य सुविधाएं और दुर्ग संभाग में नागरिकों के साथ हुई धोखाधड़ी के प्रकरण शामिल रहे। विधायक ने इन विषयों पर सरकार से विस्तार से जानकारी और कार्रवाई की मांग की।
दुर्ग रेंज में धोखाधड़ी के मामलों पर सवाल
विधायक बोहरा ने विधानसभा में दुर्ग संभाग में चिटफंड कंपनियों और अन्य संस्थाओं द्वारा नागरिकों के साथ हुई धोखाधड़ी का मामला उठाया। उन्होंने पूछा कि 1 जनवरी 2024 से 1 फरवरी 2025 तक कितनी शिकायतें प्राप्त हुईं और उनके खिलाफ क्या कार्रवाई की गई?
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने अपने लिखित उत्तर में बताया कि इस अवधि में दुर्ग संभाग में धोखाधड़ी के कुल 7 प्रकरण सामने आए, जिनमें से 2 पर अपराध पंजीबद्ध किया गया, जबकि शेष 5 प्रकरण पहले से विवेचना में हैं। इन मामलों में अब तक 13 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, हालांकि किसी भी राशि की रिकवरी नहीं हो पाई है।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना पर विस्तृत जानकारी की मांग
पंडरिया विधानसभा में सड़क विकास को लेकर विधायक ने सवाल उठाया कि क्षेत्र में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के तहत कितनी सड़कों का निर्माण पूरा हुआ और मरम्मत की स्थिति क्या है? उप मुख्यमंत्री ने बताया कि पंडरिया विधानसभा में कुल 147 सड़कें हैं, जिनमें से 119 सड़कों के मरम्मत/नवीनीकरण की स्वीकृति दी जा चुकी है। वर्ष 2024-25 में 13 और सड़कों को मरम्मत कार्य के लिए स्वीकृति मिली है।
उन्होंने बताया कि कवर्धा विकासखंड में 97.99 किलोमीटर, पंडरिया विकासखंड में 429.65 किलोमीटर और सहसपुर लोहरा विकासखंड में 110.25 किलोमीटर की कुल 637.88 किलोमीटर सड़कें हैं। वर्ष 2024-25 में मरम्मत के लिए 13 सड़कों को स्वीकृति मिली है, जिनकी कुल लंबाई 63.20 किलोमीटर है।
स्वास्थ्य सुविधाओं के बजट पर उठाए सवाल
स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर विधायक ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत जिले में मिले बजट और उसके उपयोग को लेकर सवाल पूछा। लोक स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2023-24 में जिले को 1339.00 लाख रुपए और वित्तीय वर्ष 2024-25 में 1906.44 लाख रुपए की राशि प्राप्त हुई।
यह राशि विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं, उपकरणों और दवाओं की खरीद में पूरी तरह खर्च की जा चुकी है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि स्वास्थ्य योजनाओं से जुड़ी किसी भी वित्तीय अनियमितता या गड़बड़ी की शिकायत नहीं मिली है।
विधानसभा में विधायक भावना बोहरा द्वारा उठाए गए सवालों से साफ है कि पंडरिया विधानसभा क्षेत्र में बुनियादी विकास और नागरिक सुविधाओं को लेकर गंभीर प्रयास किए जा रहे हैं। सड़क निर्माण, स्वास्थ्य सेवाएं और वित्तीय अनियमितताओं के खिलाफ उठाए गए सवालों से यह जाहिर होता है कि क्षेत्र की समस्याओं को प्राथमिकता देने की जरूरत है। अब देखना होगा कि सरकार इन मामलों में आगे क्या कदम उठाती है।
बस्तर। मध्य प्रदेश के बालाघाट मुठभेड़ में 2 दिन पहले पुलिस ने जिन 4 महिला नक्सलियों को मार गिराया है वे छत्तीसगढ़ के बस्तर की रहने वाली हैं। इनपर छत्तीसगढ़, MP और महाराष्ट्र पुलिस की तरफ से कुल 62 लाख रुपए का इनाम घोषित था। सभी हार्डकोर नक्सली थीं। AK-47, इंसास, SLR जैसे राइफल चलाती थीं। MP पुलिस की माने तो छत्तीसगढ़ के बस्तर में नक्सलियों पर दबाव बढ़ रहा है, इसलिए यहां के नक्सली MP में डेरा जमाने और अपना नया ठिकाना ढूंढने पहुंच रहे हैं। जबकि बस्तर के IG सुंदरराज पी का कहना है कि जो नक्सली मारे गए हैं उन्हें नक्सल संगठन के बड़े कैडर्स कुछ साल पहले लेकर गए थे। बस्तर के लोगों को गुमराह कर नक्सली इनका मुठभेड़ में ढाल के रूप में प्रयोग करते हैं और खुद बचकर निकल जाते हैं।
बस्तर। जिले में एक 80 साल की बुजुर्ग महिला से दुष्कर्म करने वाले एक आरोपी को जगदलपुर FTC कोर्ट ने 10 साल की जेल और 1 हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुनाई है। आरोपी युवक ने बुजुर्ग महिला के मुंह में कपड़ा डाला और झाड़ियों में लेजाकर दुष्कर्म किया था। अब 3 साल बाद वह दोषी पाया गया और कोर्ट ने फैसला सुनाया है। जानकारी के मुताबिक, मामला 4 दिसंबर 2021 का है। इस दिन दरभा थाना क्षेत्र के एक गांव के रहने वाला युवक हेमधर कश्यप (32) गांव के खेत में गया था। यहां एक 80 साल की बुजुर्ग महिला खेत में चरोटा काट रही थी। इसने महिला से कहा था कि वो इस काम में उसकी मदद करेगा। इसी बहाने वह महिला को पकड़ लिया। उसके मुंह में उसने कपड़ा डाला ताकि वह चिल्ला न पाए। जिसके बाद उसे झाड़ियों के पीछे लेकर गया जहां दुष्कर्म कर दिया। वारदात के बाद महिला ने इसकी जानकारी अपने बेटे और बहु को दी थी। फिर दरभा पुलिस थाने में FIR दर्ज करवाई गई थी। मामला कोर्ट पहुंचा। वहीं अब FTC कोर्ट ने आरोपी युवक को 10 साल जेल और 1 हजार रुपए अर्थदंड की सजा सुना दी है। शासन की ओर से अतिरिक्त लोक अभियोजक प्रीति वानखेड़े ने पैरवी की थी।
रायपुर। रायपुर जिला कलेक्टर एवं नगर निगम प्रशासक डॉक्टर गौरव सिंह के आदेशानुसार एवं नगर निगम आयुक्त अबिनाश मिश्रा के निर्देशानुसार नगर निगम स्वास्थ्य विभाग द्वारा राजधानी शहर रायपुर निगम क्षेत्र के मुख्य मार्गो की सफाई को व्यवस्थित करने लगातार अभियान जनहित में जनस्वास्थ्य सुरक्षा को दृष्टिगत रखकर स्वच्छ सर्वेक्षण अभियान के अंतर्गत चलाया जा रहा है. आज नगर निगम आयुक्त अबिनाश मिश्रा के निर्देश पर अपर आयुक्त स्वास्थ्य पंकज शर्मा ने निगम स्वास्थ्य अधिकारी डॉक्टर तृप्ति पाणीग्रही, कार्यपालन अभियंता स्वच्छ भारत मिशन रघुमणि प्रधान, जोन 5 जोन स्वास्थ्य अधिकारी संदीप वर्मा सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य सम्बंधित अधिकारियों की उपस्थिति में जोन 5 के क्षेत्र के अंतर्गत राजधानी शहर के सुन्दर नगर मुख्य मार्ग के नाले की पोकलेन मशीन से सफाई करवाने के अभियान एवं मुख्य मार्ग सुन्दर नगर में रोहिणी पुरम तालाब की सफाई मित्रों की सहायता से तालाब के घाट एवं किनारों को स्वच्छ बनाने के मेन्युअल अभियान सहित नगर निगम एवं जोन 6 क्षेत्र के अंतर्गत रिंग रोड क्षेत्र में चलाये जा रहे स्वच्छता अभियान का प्रत्यक्ष अवलोकन कर सम्बंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए.
जगदलपुर, कलेक्टर श्री विजय दयाराम के. ने कहा कि नगरीय निकायों में आयोजित जनसमस्या निवारण शिविर में प्राप्त हो रहे राशन कार्ड से संबंधित आवेदनों का तत्काल निराकरण करवाएं। साथ ही सामाजिक सहायता कार्यक्रम अन्तर्गत संचालित पेंशन योजनाओं की राशि का भुगतान बैंक सखी के माध्यम से करवाने की पहल की जाए। कलेक्टर श्री विजय मंगलवार की शाम समय-सीमा की बैठक जिला कार्यालय के प्रेरणा सभाकक्ष में ली। बैठक में कलेक्टर ने पालक-शिक्षक मेगा बैठक की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि मध्यान्ह भोजन का मॉनीटरिंग, छात्रों की उपस्थिति, टीचर की उपस्थिति, छुट्टी हेतु ऑनलाईन आवेदन, स्कूल के मरम्मत की स्थिति, शाला त्यागी अप्रवेशी बच्चों की स्थिति का भी आगामी पालक-शिक्षक की बैठक में शामिल होने वाले जिला स्तरीय अधिकारी जांच करेंगे। उन्होंने जिला स्तर के अन्य अधिकारियों को भी स्कूल निरीक्षण के दायित्व देने के निर्देश दिए।
जगदलपुर, भारतीय सैन्य अग्निवीर थल सेना भर्ती 2024 का कम्प्यूटर जनित परीक्षा परिणाम सेना भर्ती कार्यालय द्वारा घोषित कर दिया गया है। कम्प्यूटर जनित परीक्षा में उत्तीर्ण आवेदकों का कौशल परीक्षा माह दिसम्बर 2024 के प्रथम सप्ताह में जिला रायगढ़ में संभावित है।
जगदलपुर, बस्तर संभाग के अंतर्गत सड़कों में आवारा मवेशियों के नियंत्रण के लिए तैयार कार्ययोजना के अनुसार गौशाला एवं कांजी हाऊस में रखे जाने के साथ ही समुचित कार्यवाही सम्बन्धित विभागों के द्वारा समन्वित रूप से सुनिश्चित किया जाए। वहीं ध्वनि प्रदूषण के नियंत्रण हेतु डीजे लगे वाहनों की जप्ती सहित राजसात की कार्यवाही किया जाए। उक्त निर्देश कमिश्नर बस्तर श्री डोमनसिंह ने मुख्य सचिव छत्तीसगढ़ शासन के द्वारा वीडियो कांफ्रेंसिंग में दिए गए निर्देशों के अनुरूप विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों के कार्यान्वयन प्रगति की समीक्षा के दौरान अधिकारियों को दिए।
जगदलपुर। भोपालपटनम थाना क्षेत्र के रामपुरम कैंप में तैनात 15वीं बटालियन के डी कंपनी में तैनात आरक्षक ने गुरुवार सुबह करीब तीन बजे के लगभग एक्स कैलिबर हथियार को जबड़े में लगाकर गोली दाग दी। गोली की आवाज सुनकर अन्य साथी मौर्चे पर पहुंचे। घायल पड़े आरक्षक को बेहतर उपचार के लिए बीजापुर अस्पताल ले जाया गया, जहां से उसे बेहतर उपचार के लिए रायपुर रेफर किया गया। लेकिन मौसम खराब होने के कारण चौपर जा न सका और जवान की हालत को देखते हुए उसे बेहतर उपचार के लिए मेकाज लाया गया। जवान के जबड़े में टांका लगाने के बाद स्टेबल करने के लिए वार्ड में भर्ती कर दिया गया है।
जगदलपुर। रविवार की दोपहर राष्ट्रीय राजमार्ग 30 पर एक ट्रेलर का केबिन शार्ट सर्किट के चलते जल गया। आग निकलता देख ड्राइवर अपने सामानों को लेकर भाग गया। घटना की जानकारी लगते ही पुलिस टीम के साथ ही फायर बिग्रेड की गाड़ी मौके पर पहुँच वाहन को बुझाने में जुट गई, जहाँ घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। कोतवाली थाना प्रभारी सुरेश जांगड़े ने बताया कि ट्रेलर का ड्राइवर केबिन जो कि गुजरात पासिंग था, ओडिशा की ओर से रायपुर जाने के लिए निकला हुआ था, जैसे ही वाहन आसना से पहले पहुंची कि अचानक गाड़ी से धुआं निकलता देख ड्राइवर ने सूझबूझ दिखाते हुए ट्रेलर के सिर को सडक़ किनारे खड़ा करते हुए अपना सामान निकाल कर सडक़ पर आ गया। जिसके बाद वाहन पूरी तरह से जल रहा था। घटना की जानकारी लगते ही कोतवाली पुलिस से लेकर सडक़ पर जा रहे लोगों का जाम लग गया, जिसके बाद कुछ लोगों ने इस जलते हुए ट्रेलर का वीडियो भी बनाने लगे। यातायात पुलिस सडक़ के दोनों ओर से आने जाने वाले वाहनों को रोकने में जुट गई। करीब घंटे भर की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक आग पूरी तरह से गाड़ी को जला दिया था। ज्ञात हो कि करीब दो सप्ताह पहले एलआईसी कालोनी के पास चलती हुई एक थार वाहन भी शॉर्ट सर्किट के चलते जल गई थी, जहां पुलिस ने घंटों की मशक्कत के बाद उसे भी बुझाने में सफलता हासिल की थी।
जगदलपुर। जगदलपुर कोतवाली थाना क्षेत्र के ग्राम इरिकपाल में दोहरे हत्याकांड में अब तक पुलिस ने 12 आरोपियों को पकडऩे में सफलता हासिल की है। वहीं इस हत्या में ग्रामीणों ने बड़े भाई को तीर भी मारा था, जिसका छोटे भाई ने वीडियो भी बनाया था गुस्साए ग्रामीणों ने इस मामले में छोटे को भी मौत के घाट उतार दिया था। पुलिस की अलग- अलग टीम ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। बताया गया कि 11 जून को ग्राम इरिकपाल में जमीन विवाद व आपसी रंजिश के चलते गांव के ही 12 व्यक्ति आपस में मिलकर योजना बनाकर योगेश कश्यप और चंद्रशेखर कश्यप को मौत के घाट उतार दिया। घटना के बाद सभी आरोपियों के खिलाफ 11 जून को मामला दर्ज कर लिया गया था। चैनसिंह गागड़े, जितेन्द्र उर्फ तुलसीराम नाग, मनीराम नाग, विष्णु गागड़ा, वासुदेव गागड़ा, मानसिंग गागडे, मोतीलाल गागड़े, पंकज गागड़े, धरमसिंग गागड़े, विरेन्द्र गागड़े, किशन कुमार नाग, रतन गागड़े, मोतीलाल गागड़े,पंकज गागड़े , धरमसिंग गागड़े, विरेन्द्र गागड़े, किशन कुमार नाग, रतन गागडे।
कुशवाहा ट्रेवल्स संचालक की सामने आई अमानवीयता
जगदलपुर। जमीन विवाद को लेकर दो सगे भाइयों की हत्या का मामला सामने आया है. घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची. घटना को अंजाम देने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है. एक आरोपी फरार है, जिसकी तलाश की जा रही. यह घटना जगदलपुर से लगे गांव इरिकपाल की है. मिली जानकारी के मुताबिक, जमीन विवाद को लेकर दो गुटों में मारपीट हुई थी. विवाद इस कदर बढ़ गया कि जान से मारने की स्थिति आ गई. टंगिया और फरसा से खेत में दौड़ा-दौड़ा कर दो सगे भाई चंद्रशेखर और योगेश कश्यप को मौत के घाट उतार दिया गया। इस मामले में पुलिस ने एक आरोपी चैन सिंह को गिरफ्तार कर लिया है. जानकारी के मुताबिक, इस वारदात में 15 से 20 लोग शामिल थे. पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
सरकारी क्वार्टर में मिला पुराना फोन, पोस्टर भी जब्त
जगदलपुर। शहर के दलपत सागर वार्ड संस्कार स्कूल के बाजू गली में बीती रात आवारा कुत्तों के झुंड ने सड़क पर खेल रहे एक मासूम को अपना शिकार बनाया। मासूम की आवाज को सुनकर आसपास के लोगों ने बच्चे को बचाया। बच्चे को बेहतर उपचार के लिए महारानी अस्पताल ले जाया गया। जहां प्राथमिक उपचार के बाद बच्चे को परिजन घर ले गए। बताया जा रहा है कि इन दिनों शहर के अलग-अलग मोहल्लों में काफी संख्या में आवारा कुत्तों का झुंड देखने को मिल रहा है। जिसके चलते मोहल्ले में आने-जाने के दौरान कुत्तों के द्वारा उन्हें दौड़ाने के साथ ही हमला भी करते हैं।
अंधड़ से पेड़ गिरने से बिजली के तार टूट गए, कई गांवों में बिजली गुल
जगदलपुर। शहर के मेन रोड में स्थित एक कपड़े की दुकान में अचानक आग लग गई और देखते ही देखते तेजी से फैल गई. आग की लपटे इतनी तेज थी की आस पास की दुकानें में आग के चपेट में आने लगी. आग लगने से आसपास के इलाके में अफरा-तफरी मच गई.
जगदलपुर। पीडिया मुठभेड़ में मारे गए नक्सलियों को लेकर डिप्टी सीएम गृहमंत्री विजय शर्मा का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस का काम है विरोध करना। वहीं झीरम जांच मामले पर कहा कि कांग्रेसी जेब में सबूत लेकर घूमते थे। लेकिन अपने कार्यकाल में कभी इन सबूतों को पेश नहीं किया। मुठभेड़ से नक्सलवाद का समाधान नहीं निकलेगा। शांति वार्ता के जरिए सरकार समाधान तलाशेगी। फेक एनकाउंटर का आरोप लगाकर विपक्ष सुरक्षा बलों का मनोबल गिरा रहे हैं। पीडिया मुठभेड़ में मारे गए नक्सलियों का पुराना रिकॉर्ड था। पूर्व में भी नक्सलियों ने माना था उनके साथी मारे गए थे। दरअसल, 10 मई को पीडिया मुठभेड़ में 12 नक्सलियों को मार गिराने का दावा पुलिस ने किया था। ग्रामीणों ने इसे फर्जी मुठभेड़ बताते हुए तेंदूपत्ता तोड़ने के लिए गए गांव के लोगों को मारने का आरोप पुलिस पर लगाया था। इस मामले में कांग्रेस जांच दल के नेताओं ने बीजापुर के गंगालूर थानाक्षेत्र के मुतवेंडी में पीडिया के पीड़ितों से मुलाकात की थी और पूरे मामले की जांच की मांग की है।
Adv